गणेश मानस पूजा
हे मयूरेश! इसके पश्चात् मैं आपको मन ही मन दक्षिणा के रूप में अनगिनत स्वर्ण के सिक्के समर्पित करता हूँ।
हे विश्वंभर! कृपया इस दक्षिणा को स्वीकार कर मुझे अनुगृहित कीजिए।
हे गणराज! मैं आपको इस मानस पूजा में अतुल्य राजकीय संपत्ति समर्पित करता हूँ, जिसमें अनेकों हाथी, घोड़े, रथ इत्यादि सम्मिलित हैं।
हे हेरंब! इसके पश्चात् मैं आपको विविध प्रकार की चल एवं अचल संपत्ति अर्पित करता हूँ, कृपया इसे स्वीकार कर मुझे माया के बंधन से मुक्त कीजिए।
Ganesh Manas Puja 20. Monetary offering to Ganesha (Dakshina)




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